Friday, 18th January, 2019

चलते चलते

गली के कुत्ते ने लिया गाड़ियों के पीछे ना भागने का रेजोल्यूशन, केवल दो घंटे बाद तोड़ा

04, Jan 2019 By Pagla Ghoda

नयी दिल्ली. क़रोल बाग़ की गली नंबर बाइस में बिल्लू पाजी की दुकान के आगे बैठने वाले कुत्ते ‘शेरू’ ने नये साल पर औरों की देखा-देखी ख़ुद भी एक प्रण यानी के रेजोल्यूशन ले डाला। प्रण ये था कि अब वो किसी भी गाड़ी के पीछे-पीछे बिलावजह नहीं भागेगा। उसके इस प्रण से गली के बाक़ी कुत्ते जैकी, दिलावर और बकलावा काफ़ी अचंभित थे। गली की महिला डॉग्स  रोज़ी, स्वीटी, और मौली भी शेरू की इस दबंग रेजोल्यूशन की फ़ैन हो चली थीं।

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गाडी के पीछे भागता शेरू

पूरे मोहल्ले में इसी बात की चर्चा थी कि शेरू अब गाड़ियों के पीछे दुम हिलाते हुए नहीं भागेगा। लेकिन सबकी उम्मीदों पर पानी फेरते हुए शेरू ने केवल दो ही घंटे बाद अपना ये रेजोल्यूशन तोड़ डाला।

सुबह के पौने दस बजे शेरू ने मुँह में हड्डी दबा के बीच चौराहे पर अपने प्रण का ऐलान किया था, लेकिन ठीक पौने बारह बजे वो गुप्ता जी की नयी ब्रीज़्ज़ा गाड़ी के पीछे बेदर्दी से दौड़ता पाया गया।

स्वयं शेरू तो अपने प्रण के तोड़े जाने पर शर्म से मुँह छिपाए फिर रहा है, और मीडिया को कोई भी कमेंट देने से स्पष्ट इंकार कर रहा है, परंतु उसके मित्र उसकी इस बात पर अच्छी फिरकी लेने से बाज़ नहीं आ रहे।

कूड़ेदान में मुँह मारते हुए शेरू के जिगरी यार दिलावर ने बताया, “सरजी हमें तो पहले से ही मालूम था कि इसके बस की बात नहीं है! इस कमीने ने तो सात सौ दो नंबर वाली सफ़ेद कुतिया ‘मार्गारीटा’ को पटाने के लिए ये हरकत की है। अब फड़ी मारने को तो कोई भी मार ले, अज़ी हम कह दें कि हम सुबह के तीन बजे बिना बात के नहीं भौंकेगे, पर ऐसा रियलिटी में संभव नहीं हैं ना! बरसों पुरानी आदतें कहाँ बदलती हैं मनुष्य जी!”

गली के बड़े बुज़ुर्ग कुत्ते भी शेरू की इस प्रण को लेकर काफ़ी नाख़ुश हैं। दुग्गल साहब के पालतू बूढ़े कुत्ते दगड़ू ने इस बाबत अपने विचार व्यक्त किए। चीनी मिट्टी के कसोरे से केसर-पिस्ता फ़्लेवर वाला दूध गटकते हुए दगड़ू बोला, “सात साल पहले मुझे एक पिल्ले की तरह इस कॉलोनी में लाया गया था, तब से यही मेरा घर संसार है। और जब से होश संभाला है, मैंने कुत्तों को गाड़ियों की पीछे दौड़ते ही देखा है, इसलिए ये आदत तो बदलने नहीं वाली। गौर करने वाली बात ये है कि हम जैसे ख़ानदानी कुत्ते ये ‘रेजोल्यूशन’ टाइप गंदी हरकतें नहीं करते, ये सब तो इन लावारिस कुत्तों के चोचले हैं, सालों ने हमारी संस्कृति भ्रष्ट कर रखी है!”



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