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महंगाई के मारे लड़के ने नहीं धोया चेहरे पर लगा बर्थडे-केक, अगले दिन शेव के लिए किया इस्तेमाल

20, Nov 2015 By Pagla Ghoda

दिल्ली: बढ़ती महंगाई का बोझ स्मार्टफोन्स और गैजेट्स के चहेते युवा छात्रों पर इस कदर पड़ने लगा है के अपने आई-फ़ोन के लिए पैसे बचाते एक छात्र ने कंजूसी और गन्दगी के सारे कीर्तिमान ही तोड़ डाले हैं| एक लोकल इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्र धीरज ढोलकिया ने कल मनाई गयी एक बर्थडे पार्टी में न केवल जान बूझ कर खुद के चेहरे पर बर्थडे केक लगवाया अपितु बाद में उसे धोने से भी साफ़ इंकार कर दिया ताकि अगले दिन उसी केक की क्रीम को शेविंग क्रीम की जगह इस्तेमाल कर वह दाढ़ी बना सके|

“आप खुद ही देखिए उसके पिक को| माइ गॉड! कोई इतना हॅपी कैसे हो सकता है अपने फेस पे केक लगाने के बाद| वो भी इन सच आ ह्यूज अमाउंट! अन्बिलीवबल नो?”: awwwवाती लड़की बार बार अपना हाथ मटकाते हुए अपने मोबाइल में धीरज का फोटो दिखाते हुए बोली|

धीरज की एक सहपाठी जूलिया ने बताया, “धीरज is such a बेशरम guy मैं क्या बताऊ| पार्टी हमारी फ्रेंड सुनयना की चल रही थी एंड उसका बर्थडे था, तो हमेशा की तरह हम गर्ल्स ने उसके चेहरे पर केक लगाया, एंड सभी एक दुसरे पर केक लगा रहे थे तभी वहां ये धीरज आ टपका| उसने खूब सारा केक फेस पे लगा के हमारी पार्टी ही बर्बाद कर दी| दो गर्ल्स के साथ उसने बदतमीज़ी भी की| हमारी सारी सेल्फीस बर्बाद कर दी इस डौगी ने| और उसके बाद उसने पूरा दिन फेस नहीं वाश किया| ewwww |”

धीरज के जिगरी दोस्त परेश ने उसके बचाव में कहा, “धीरज को तो हमेशा से हम लोग डर्टी धीरज के नाम से जानते हैं, क्योंकि ऐसी गन्दी हरकतें उसने पहली बार नहीं की है| दरअसल अब उसके पापा का बिज़नेस पहले जैसा नहीं चल रहा पर उसके रहीसी शौक अभी भी बरकरार हैं| साहबज़ादे को हर तीन महीने बाद नया स्मार्टफोन चाहिए होता है| आजकल वो नए आई-फ़ोन के लिए पैसे जमा कर रहा है तो शेविंग क्रीम के पैसे बचाने के लिए उसने ये गन्दा काम किया है| ठीक है औरों की नज़र में वो चाहे गन्दी नाली का कीड़ा क्यों न हो, अपना तो यार है| मैं खुद दो हफ्ते से नहाया नहीं हूँ, दो तीन महीने बाद शावर जेल के जो पैसे बचेंगे वो उसे दे दूंगा|”

कॉलेज के लड़कों की इस गन्दगी से परेशान होकर कॉलेज प्रशासन ने स्वच्छ भारत टैक्स को दोगुना कर फीस में जोड़ने का फैसला किया है| बताया जा रहा है के न नहाकर गंदगी फैलाने वाले छात्रों से ही ये टैक्स वसूला जायेगा| इससे छात्रों में कितना सुधार आएगा ये कहना तो मुश्किल है परन्तु कॉलेज को इससे अच्छी आमदनी की उम्मीद है|



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