Sunday, 18th November, 2018

चलते चलते

बजट हुआ लीक! 17, 18 और 19 का पहाड़ा जानने वालों को नहीं देना पड़ेगा टैक्स

22, Jan 2018 By Ritesh Sinha

नयी दिल्ली. फ़ेकिंग न्यूज़ के हाथ वित्त मंत्रालय के कुछ ख़ुफ़िया दस्तावेज लग गए हैं। ये दस्तावेज उस बजट के फाइनल प्रिंट हैं, जिन्हें वित्त मंत्री अरुण जेटली देश के सामने पेश करने वाले हैं। इन दस्तावेज़ों से ख़ुलासा हुआ है कि मोदी सरकार उन लोगों को टैक्स में 100% की राहत देने जा रही है, जिन्हें 17, 18  और 19 का टेबल कंठस्थ याद है। यानि अगर आप 17, 18 और 19 का पहाड़ा एक साँस में बोल लेते हैं, तो इस साल आपको कोई टैक्स नहीं देना पड़ेगा।

Table-Learning
19 का पहाड़ा याद करता युवक और जेटली जी

चूँकि यह मोदी सरकार का आखिरी बजट है, इसलिए इस बजट में घोषणाओं के बारे में कई अटकलें लगाईं जा रही हैं। ज्यादातर लोगों की मांग है कि इस बार टैक्स में छूट मिलनी चाहिए, जिसे सरकार ने पूरा भी कर दिया है, लेकिन एक शर्त के साथ!

आयकर विभाग के एक बड़े अधिकारी ने यह ख़ुफ़िया जानकारी लीक करते हुए हमें बताया कि “देखिए! जो कोई भी इस योजना का लाभ उठाना चाहता है, उसे अपना आधार कार्ड लेकर इन्कम टैक्स ऑफिस आना पड़ेगा! वहां उसे 17, 18 और 19 का पहाड़ा सुनाने के लिए कहा जाएगा! यदि आपने बिना अटके टेबल सुना दिया तो आप पर कोई टैक्स नहीं लगेगा!”

हालाँकि एक्सपर्ट्स इसे भी जेटली की एक चाल मान रहे हैं। उनके मुताबिक, इस योजना का लाभ शायद ही कोई उठा पाएगा, क्योंकि ज्यादातर टैक्सपेयर्स अब 17, 18 और 19 का पहाड़ा भूल चुके हैं। देश के जाने-माने CA पी.एस. लखोटिया ने बताया कि “ये सब आंकड़ों की बाज़ीगरी है! सरकार को पता है कि 17, 18 और 19 का टेबल याद करना एवरेस्ट पे चढ़ने से भी मुश्किल है, इसलिए जेटली जी ने चालाकी से ऐसा नियम बनाया है, ताकि कोई भी इस योजना का लाभ ना उठा पाए!”

इस खबर के बाद कई टैक्सपेयर्स फिर से टेबल याद करने के अभियान में जुट गए हैं। भाटिया बुक डिपो में नया पहाड़ा खरीदने आए विमल वर्मा ने बताया कि “यार! हमें तो 17, 18 और 19 का टेबल तो स्कूल में भी याद नहीं हुआ था। टीचर ने डंडा मारकर थोड़ा-बहुत रट्टा लगवाया भी था तो उसे कुछ दिन बाद फिर भूल गए, तब से केलकुलेटर से ही काम चला रहे हैं!”

” ..हाँ, अगर जेटली दस का सुनाने को बोलेगा तो वो तो मैं अभी सुना सकता हूँ!” -कहते हुए वर्मा जी बिना कहे दस का पहाड़ा सुनाने लगे।



ऐसी अन्य ख़बरें